Menu

Month: February 2019

नाग लोक का रहस्य – 5 : Totem & Tattoo

टोटेमवाद (गणचिह्नवाद) को सामान्यतः धर्म और समाज दोनों ही के लिए एक प्राचीन प्रणाली के रूप में व्यवहार में लाया गया. धर्म की प्रणाली के रूप में, यह आदिम मनुष्य के अपने टोटेम के साथ रहस्यमयी संबंध को दर्शाता है एवं समाज की प्रणाली के रुप में यह उस संबंध को दर्शाता है जिसमें समान […]

Read More

नायिका – 20 : Love You नायिका

वहाँ कॉलेज से लौट कर भागता हुआ आया, काम अधूरा छोड़ कर…. गया ही इस शर्त पर था कि आँधी आए या तूफान, 1 बजे घर पर होना है मुझे. क्यों गया था?? उस काम से जिसके लिए लोग आज भी याद करते हैं इस मूर्ख को. कम्प्यूटर्स में प्रॉब्लम थी, कम्पनी के technicians ने […]

Read More

नदिया के पार वाले वास्तव में उस पार ही छूट गए

स्कूल के मित्र, इंजीनियरिंग के मित्र, MBA के मित्र, इंदौर के मित्र, निरमा के मित्र, अहमदाबाद के मित्र, बंगलोर के मित्र और अब फेसबुक के मित्र. इनके ऊपर रिश्तेदारों की पूरी फौज. परबाबा और परदादी वाली पीढ़ी के अलावा हर प्रकार का रिश्ता देखने समझने को परिवार में ही मिल गया. अभी कुछ दिन पहले […]

Read More

मोक्ष

मध्यम वर्ग की औरतें हमेशा मध्यम मार्गी होती हैं, इसका सबसे सही उदाहरण देखना हो तो सड़क पर किसी महिला को गाड़ी चलाते हुए देखिये. वो कभी भी दायें या बाएं गाड़ी नहीं चलाती, हमेशा सड़क के बीचो बीच चलाती है. फिर लाख कोई पीछे से हॉर्न देता रहे वो अपनी दुनिया में ही मस्त […]

Read More

श्रद्धांजलि : अर्चना वर्मा

अर्चना दीदी अपने अंतिम सफर पर चली गईं। और लगा जैसे जीवन का एक कोना एकदम रिक्‍त हो गया। अर्चना जी, के नाम के आगे के जी कब हट गया और कब वह दीदी हो गईं पता नहीं चल पाया। आपके जीवन में कुछ ऐसे लोग आते हैं जाने जाने कब आपके अपनों से भी […]

Read More

AskAmma : पश्चिम तुम्हें देख अचंभित है, तुम कब झांकोगे अपने मन में पूरब वालों!

कुछ दो तीन वर्षों पहले जिन दिनों मार्क जुकरबर्ग की नीम करोली बाबा से मिलने आने वाली खबर चर्चा में थी, तब मेरे पास एक फेसबुक मित्र का सन्देश आया – वैसे एक बात समझ नहीं आई, स्टीव जॉब्स और फेसबुक वाले मार्क तो नीम करोली बाबा से प्रेरणा ले गए और दुनिया बदल डाली, […]

Read More

Menstruation Taboo : सैनिटरी पैड्स कंपनी की ठगी और समाधान

बात उन दिनों की है जब सेनिटरी पैड्स पर बढ़े हुए टैक्स को लेकर एक ओर बहस चल रही थी, दूसरी ओर अक्षय कुमार ‘पैडमेन’ लेकर आ रहे थे। यहां एक तमिळ पुरुष को याद करना प्रासंगिक होगा, जिसने अपनी पत्नी के लिए कई वर्ष जतन करके पैड बनाया और लोक-लाज से डरकर पत्नी उनको […]

Read More

नायिका -19 : इतनी मिलती है सूरत से तेरी गज़ल मेरी, लोग मुझको तेरा महबूब समझते होंगे

विनायक – हाँ नायिका!!! है ना कमाल कि ज़िंदा हो!!!! लेकिन ऐसा लग रहा है, हो नहीं!!!! मरनेवाले के लिए कहा जाता है कि भगवान को प्यारा हो गया, गणेश को भी तो भगवान ही मानते है ना?? देखो खजराना जा कर!!!!! नायिका – मर गई नायिका… खजराने वाले गणेशजी, क्या मरने के बाद भी […]

Read More

नाग लोक का रहस्य – 4 : उद्गम और टोटेमवाद

पिछली तीन श्रृंखला मेरे अनुभवों और गुरुओं से प्राप्त ज्ञान का लेखा जोखा है, जो मुझे नाग लोक के रहस्य को जानने के लिए जिज्ञासु बनाते हैं. पिछली श्रृंखला में आध्यात्मिक गुरु श्री एम द्वारा उद्घाटित कई रहस्यमयी घटनाओं को पाठकों ने सिरे से ख़ारिज कर दिया, जो अपेक्षित था. लेकिन जब आप नाग लोक […]

Read More

शिक्षक : स्वयं की ज्योति को अखंड रखकर ही एक दीपक प्रज्जवलित कर सकता है दूसरे दीपक को

एक शिक्षक वास्तव में कभी भी नहीं पढ़ा सकता यदि वह स्वयं आज न पढ़ रहा हो, एक दीपक दूसरे दीपक को कभी भी प्रज्जवलित नहीं कर सकता यदि वह स्वयं अपनी ज्योति को जलती हुई न रखें- रविंद्रनाथ ठाकुर. शिक्षण एक प्रक्रिया है जो आवश्यक नहीं कि कक्षा में ही घटित हो. यह तो […]

Read More
error: Content is protected !!